सड़क चौड़ी हो रही है


सड़क चौड़ी हो रही है

रास्ते के मकान ढाहे जाऐंगे

किसी की ज़िन्दगी के अरमान

सरेआम लुटाए जाएंगे।

तुम भी रहना

हम भी रहेंगे गवाह

ये नज़ारे

कभी दिन तो कभी 

रात में दिखाए जाएंगे। 

ये रहेंगे कहाँ, कहेंगे किसे

कुछ पता नहीं।

इनकी आवाज़ कमज़ोर है,

ये फिर से दबाए जाएंगे।

सड़क चौड़ी हो रही है

रास्ते के मकान ढाहे जाऐंगे

किसी की ज़िन्दगी के अरमान

सरेआम लुटाए जाएंगे।

Comments

Popular Posts